हरियाली की ओर बढ़ते कदम: ग्रीन चौपाल ने दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश

धरती पूर्वांचल की श्यामदेउरवा संवाददाता
परतावल रेंज अंतर्गत पर्यावरण संरक्षण और हरित वातावरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के अंतर्गत वन विभाग द्वारा रूद्रपुर भलुही स्थित श्रीमाई विंध्यवासिनी भवन पर आंवले का पौधरोपण किया गया। इस पहल के माध्यम से प्रकृति के प्रति प्रेम, मातृ सम्मान और पर्यावरण के प्रति सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश दिया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य लोगों को अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा उनकी देखभाल के लिए प्रेरित करना रहा।
पौधरोपण के दौरान हरियाली बढ़ाने, प्राकृतिक संसाधनों को संरक्षित करने और आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। आंवले का पौधा औषधीय गुणों से भरपूर होने के साथ-साथ पर्यावरण की दृष्टि से भी महत्वपूर्ण है। इसके फल स्वास्थ्य के लिए लाभकारी माने जाते हैं। ऐसे पौधों का संरक्षण जैव विविधता को बढ़ावा देने में भी सहायक है।
‘ग्रीन चौपाल’ की पहल से हरित चेतना को मिलेगा बढ़ावा
ग्रीन चौपाल की भावना प्रकृति के साथ जुड़ाव और सामूहिक सहभागिता को मजबूत करना है। पौधरोपण केवल एक पौधा लगाने तक सीमित नहीं है, बल्कि उसकी नियमित देखभाल और उसे वृक्ष बनने तक सुरक्षित रखना भी उतना ही आवश्यक है। इसी सोच के साथ लोगों को अपने घरों, खेतों, सार्वजनिक स्थलों और खाली पड़ी जमीनों पर पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया जा सकता है।इस अवसर पर समाजसेवी सुधीर चन्द्र पाण्डेय, अभिषेक पाण्डेय व वनकर्मचारी शैलेन्द्र प्रताप सिंह,राम प्रवेश, सिद्धेश्वर सिंह, सौरू प्रसाद, महाजन व सोनू आदि लोग उपस्थित रहे,*एक पेड़ मां के नाम* अभियान ने पौधरोपण को भावनात्मक जुड़ाव से जोड़कर पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक सार्थक संदेश दिया है। मां के सम्मान में लगाया गया प्रत्येक पौधा प्रकृति के प्रति कृतज्ञता और जीवन के संरक्षण का प्रतीक है।